मेट्रो भूमिगत, एलिवेटेड कॉरिडोर और मेट्रोपॉलिटन विस्तार पर मुहर
इंदौर, 14 दिसंबर 2025। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि आने वाले वर्षों में इंदौर देश के अग्रणी महानगरों में शामिल होगा। उन्होंने यह बात रविवार को ब्रिलियेंट कन्वेंशन सेंटर में आयोजित इंदौर विकास संबंधी उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि इंदौर और उसके विस्तारित मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र के समग्र विकास के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। बैठक में अधोसंरचना, यातायात, मेट्रो, उद्योग, शिक्षा, आईटी, पर्यटन और मास्टर प्लान से जुड़े कई अहम निर्णय लिए गए।
मेट्रो का प्रमुख हिस्सा होगा भूमिगत
बैठक में मेट्रो परियोजना के रूट पर चर्चा करते हुए इसके मुख्य हिस्से को भूमिगत करने का निर्णय लिया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार इस कार्य के लिए लगभग 800 से 900 करोड़ रुपये का वित्तीय भार वहन करेगी, जिससे यातायात व्यवस्था और शहरी सौंदर्य बेहतर होगा।
इंदौर मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र का विस्तार
बैठक में इंदौर मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र को उज्जैन, देवास, धार, रतलाम, नागदा, बदनावर और शाजापुर-मक्सी क्षेत्र से जोड़कर लगभग 14 हजार वर्ग किलोमीटर तक विस्तारित करने का निर्णय लिया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह क्षेत्र व्यापार, उद्योग और पर्यटन का बड़ा केंद्र बनेगा।
एलिवेटेड कॉरिडोर और ट्रैफिक प्लान
मुख्यमंत्री ने एलिवेटेड कॉरिडोर के निर्माण को शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बीआरटीएस हटने के बाद नए वैज्ञानिक ट्रैफिक सर्वे के आधार पर एकीकृत ट्रैफिक प्लान तैयार किया जाएगा, जो आने वाले 25 से 50 वर्षों तक ट्रैफिक समस्या का समाधान देगा।
स्टार्टअप पार्क और कन्वेंशन सेंटर
एमआर-10 के पास अंतरराष्ट्रीय स्तर के स्टार्टअप पार्क और कन्वेंशन सेंटर की स्थापना का निर्णय लिया गया। कन्वेंशन सेंटर की लागत लगभग 550 से 600 करोड़ रुपये होगी और इसे तीन वर्षों में पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है।
हुकुमचंद मिल और पीडब्ल्यूडी भूमि पुनर्विकास
हुकुमचंद मिल परिसर के 17.5 हेक्टेयर क्षेत्र को मॉडल प्रोजेक्ट के रूप में विकसित किया जाएगा। वहीं पलासिया स्थित पीडब्ल्यूडी की 12 हेक्टेयर भूमि के पुनर्घनत्वीकरण में हरियाली और खुले स्थानों पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए।
स्मार्ट इंदौर की दिशा में कदम
शहर में जनसहभागिता आधारित सीसीटीवी नेटवर्क के तहत लगभग 60 हजार कैमरे लगाए जाएंगे। पीएम ई-बस सेवा के अंतर्गत मार्च 2026 से 270 ई-बसें संचालित की जाएंगी।
स्लम-फ्री इंदौर और आवास योजना
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत अगले तीन वर्षों में लगभग डेढ़ लाख आवासों का निर्माण किया जाएगा।
खेल, शिक्षा और रोजगार पर फोकस
इंदौर में एस्ट्रोटर्फ ग्राउंड और आधुनिक खेल सुविधाएं विकसित होंगी। मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालयों को रोजगार-उन्मुख बनाने, फूड पार्क, मेडिकल टूरिज्म और आईटी निवेश को बढ़ावा देने पर जोर दिया।
समन्वित विकास योजना
बैठक में पश्चिमी और पूर्वी बायपास के निर्माण, फोरलेन सर्विस रोड और इंदौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर को गति देने के निर्देश दिए गए।
बैठक में नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, सांसद शंकर लालवानी, महापौर पुष्यमित्र भार्गव सहित जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
