देवास विकास प्राधिकरण में 2.5 करोड़ रुपये की हानि का मामला, पूर्व सीईओ और खरीददारों पर एफआईआर दर्ज

इंदौर/ उज्जैन 22 जुलाई 2024

वर्ष 2005-06 में देवास विकास प्राधिकरण के तत्कालीन मुख्य कार्यपालन अधिकारी आर. एस. अगस्थी द्वारा कलेक्टर गाइडलाइन से कम दाम में शॉपिंग कॉम्प्लेक्स और दो प्लॉट्स को बेचने का मामला सामने आया है। यह सम्पत्ति धनराज पिता हीरालाल अग्रवाल, सुनीता पति शरद अग्रवाल और दीपा पति मनीष अग्रवाल को सस्ते दाम पर दी गई थी, जिससे राज्य शासन को लगभग 2.5 करोड़ रुपये की आर्थिक हानि हुई।

इस मामले की शिकायत तत्कालीन विधायक अंतर सिंह दरबार द्वारा लोकायुक्त मुख्यालय भोपाल में की गई थी। जांच के दौरान तकनीकी आधार पर मामला सामने आया, जिसे पुलिस अधीक्षक लोकायुक्त उज्जैन अनिल विश्वकर्मा को सौंपा गया। निरीक्षक दीपक सेजवार द्वारा की गई जांच में प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने पर पूर्व सीईओ आर. एस. अगस्थी और संपत्ति क्रयकर्ता धनराज अग्रवाल, सुनीता अग्रवाल और दीपा अग्रवाल के खिलाफ अपराध क्र 90/24 के तहत धारा 13(1)(सी), 13(2)(डी) भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 और 409, 120 भादवि के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। मामले की गहन जांच जारी है।

By Jitendra Singh Yadav

जितेंद्र सिंह यादव वरिष्ठ पत्रकार | आरटीआई कार्यकर्ता | राजनीतिक विश्लेषक 15+ वर्षों का पत्रकारिता अनुभव, UNI से जुड़े। Save Journalism Foundation व इंदौर वर्किंग जर्नलिस्ट्स यूनियन के संस्थापक। Indore Varta और NewsO2.com से जुड़े। निष्पक्ष पत्रकारिता व सामाजिक सरोकारों के लिए समर्पित।