नई दिल्ली, 16 मार्च।
मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों को लेकर सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई है। Adil Hossain ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट कर चुनाव प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उनके मुताबिक केवल वर्तनी की गलतियों के कारण लाखों मतदाताओं के वोट देने के अधिकार पर संकट खड़ा हो गया है।

आदिल हुसैन ने अपने पोस्ट में लिखा कि अगर पूरक मतदाता सूची जारी होती है, तब भी 45 लाख से अधिक मतदाता अभी भी विवाद या निर्णय की प्रक्रिया में फंसे रहेंगे। उनका आरोप है कि Election Commission of India के एआई आधारित ऐप में हुई स्पेलिंग की गलतियों के कारण इतने बड़े पैमाने पर लोग अपने लोकतांत्रिक अधिकार यानी मतदान से वंचित हो सकते हैं।

उन्होंने इसे “लोकतंत्र पर धब्बा” करार देते हुए कहा कि केवल तकनीकी या वर्तनी की त्रुटियों के कारण नागरिकों का वोट देने का अधिकार छिनना बेहद गंभीर मामला है। हुसैन ने यह भी लिखा कि Supreme Court of India द्वारा इस स्थिति को अब लगभग “fait accompli” (यानी हो चुकी और बदलना कठिन स्थिति) बना दिया गया है।

हुसैन के इस पोस्ट को सामाजिक कार्यकर्ता और चुनाव सुधार अभियान से जुड़े Yogendra Yadav ने भी री-पोस्ट किया है, जिसके बाद यह मुद्दा सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में आ गया है। कई यूजर्स मतदाता सूची की शुद्धता और चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर सवाल उठा रहे हैं।

हालांकि इस मामले में अब तक Election Commission of India की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

By Jitendra Singh Yadav

जितेंद्र सिंह यादव वरिष्ठ पत्रकार | आरटीआई कार्यकर्ता | राजनीतिक विश्लेषक 20+ वर्षों का पत्रकारिता अनुभव, UNI से जुड़े। Save Journalism Foundation व इंदौर वर्किंग जर्नलिस्ट्स यूनियन के संस्थापक। Indore Varta और NewsO2.com से जुड़े। निष्पक्ष पत्रकारिता व सामाजिक सरोकारों के लिए समर्पित।