इंदौर में दूषित जल मामले की समीक्षा
इंदौर, 10 जनवरी 2026: भागीरथपुरा में दूषित जल संकट के बाद हालात की समीक्षा और आगे की कार्ययोजना को लेकर नगर निगम में उच्चस्तरीय बैठक प्रारम्भ हुई। बैठक में अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई, अपर मुख्य सचिव अनुपम राजन सहित जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में नगर निगम की कार्यप्रणाली और तकनीकी संसाधनों को मजबूत करने पर विशेष चर्चा की गई। रिक्त पदों पर शीघ्र नियुक्ति, विशेषकर तकनीकी पदों की भर्ती को प्राथमिकता देने पर सहमति बनी। अधिकारियों ने कहा कि जल आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए तकनीकी स्टाफ की कमी को जल्द पूरा किया जाना आवश्यक है।
बैठक में यह निर्णय भी लिया गया कि शहर की सभी पानी की टंकियों पर एक-एक सब इंजीनियर की तैनाती की जाएगी। साथ ही प्रत्येक टंकी का विस्तृत नक्शा तैयार कर निगरानी व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा।
जल गुणवत्ता जांच को लेकर आवश्यक लेब की संख्या बढ़ाने और संसाधनों की पूर्ति करने पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों ने कहा कि जितनी प्रयोगशालाओं की जरूरत है, उनकी उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने।
अधिकारियों ने सभी निर्णयों पर तेजी से अमल करने की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि प्रक्रिया का पालन करते हुए अतिआवश्यक कार्यों को प्राथमिकता के साथ पूरा किया जाए। बैठक में यह भी बताया गया कि स्थिति अब धीरे-धीरे सामान्य की ओर लौट रही है, लेकिन सतर्कता बनाए रखना जरूरी है।
इसके साथ ही प्रभावित क्षेत्रों में सामुदायिक गतिविधियां प्रारम्भ करने और लोगों को जागरूक व प्रेरित करने की आवश्यकता पर भी सहमति बनी, ताकि प्रशासन और जनता मिलकर व्यवस्था को मजबूत बना सकें।

