इंदौर, 23 फरवरी 2026: मधुमिलन से छावनी पुल तक प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण को लेकर चल रहा विवाद सोमवार को नया मोड़ लेता दिखा। मामले में उच्च न्यायालय में सुनवाई से पहले नगर निगम इंदौर ने बाधक निर्माण हटाने संबंधी जारी नोटिस को प्रभाव शून्य कर दिया और विधिक प्रक्रिया का पालन करने का आश्वासन दिया है।


जानकारी के अनुसार, इंदौर विकास योजना 2021 में उक्त मार्ग की चौड़ाई 24 मीटर प्रस्तावित है। वहीं, नगर निगम ने पूर्व में इसी मार्ग पर 18 मीटर चौड़ाई के मान से भवन निर्माण की अनुमतियां जारी की थीं, जिन पर वर्तमान में परिवार निवासरत हैं। हाल ही में निगम द्वारा सेंटर लाइन डाले जाने के बाद क्षेत्रीय नागरिकों में असंतोष बढ़ गया था।


छावनी निवासी रावत परिवार ने अधिवक्ता जयेश गुरनानी के माध्यम से उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर नोटिस को चुनौती दी थी। याचिका में आरोप लगाया गया कि निगम ने सड़क निर्माण के लिए निर्धारित वैधानिक प्रक्रिया का पालन नहीं किया। इससे पहले भी न्यायालय ने विधिक प्रक्रिया का पालन करने के निर्देश दिए थे।


सोमवार को प्रस्तावित सुनवाई से पूर्व निगम प्रशासन ने जारी नोटिस वापस लेते हुए स्पष्ट किया कि आगे की कार्रवाई नियमानुसार की जाएगी। मामले को लेकर क्षेत्र में फिलहाल स्थिति शांत है, जबकि नागरिक आगामी प्रशासनिक कदमों पर नजर बनाए हुए हैं।

By Neha Jain

नेहा जैन मध्यप्रदेश की जानी-मानी पत्रकार है। समाचार एजेंसी यूएनआई, हिंदुस्तान टाइम्स में लंबे समय सेवाएं दी है। सुश्री जैन इंदौर से प्रकाशित एक दैनिक अखबार की संपादक रही है। इनकी कोविड-19 महामारी के दौरान की गई रिपोर्ट को देश और दुनिया ने सराहा। अपनी बेबाकी और तीखे सवालों के लिए वे विख्यात है।