कलेक्टर कार्यालय के बाहर सड़क पर प्रदर्शन

मांगलिया बायपास पर महाजाम : रहवासी पहुंचे कलेक्टर दफ्तर, सुरक्षित और सुचारू यातायात व्यवस्था की मांग

इंदौर, 01 जुलाई 2025। आज सुबह इंदौर कलेक्टर कार्यालय के बाहर एक अनोखा दृश्य देखने को मिला। सिंगापुर टाउनशिप के रहवासी हाथों में विस्तृत ज्ञापन लेकर पहुंचे। बड़ी संख्या में रहवासी कलेक्टर कार्यालय के बाहर सड़क पर बैठकर अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन करते रहे। इनमें करीब 60 हजार नागरिकों की आवाज शामिल थी। इनकी एक ही मांग थी — प्रभावी यातायात प्रबंधन और अधूरा रेलवे अंडर ब्रिज (RUB) जल्द से जल्द पूरा किया जाए।

रहवासियों की कलेक्टर को ही ज्ञापन सौंपने की जिद थी लेकिन कलेक्टर आशीष सिंह इनसे मिलने नहीं आए और जनसुनवाई पूरी कर पीछे के गेट से प्रस्थान कर गए।

ज्ञापन में बताया गया कि सिंगापुर टाउनशिप से शहर की ओर आने-जाने का एकमात्र रास्ता महज 9 फीट चौड़ी सुरंग है, जो 2015 में बनी थी। बीते समय में यह सुरंग तीन रेलवे लाइनों के विस्तार के बीच दबकर और लंबी तो हो गई, लेकिन चौड़ाई वही रही। नतीजतन सुबह-शाम के समय यहां हजारों वाहन, स्कूल बसें, एम्बुलेंस और दुपहिया वाहन जैसे-तैसे गुजरते हैं। कई बार घंटों लंबा ट्रैफिक जाम लग जाता है। हाल ही में 30 घंटे से अधिक के महाजाम में यहाँ 3 यात्रियों की मृत्यु भी हो चुकी है।

स्थानीय रहवासियों का कहना है कि अप्रैल में उन्होंने DRM रतलाम से दूसरा अंडरपास शीघ्र पूरा करने की गुहार लगाई थी। जवाब तो ‘जल्द होगा’ मिला, लेकिन ढाई महीने बीत जाने के बाद भी काम अधर में लटका हुआ है।

माताओं की पीड़ा- स्कूल बसें फंसी रहती हैं

महिला नीरजा राय ने बताया कि सभी के छोटे छोटे बच्चे हैं। स्कूल बसें जाम में घंटों फंसी रहती हैं जिससे बसों में बच्चों की तबीयत बिगड़ जाती है। यदि किसी को कोई इमरजेंसी आ जाये तो वह अपनी कार भी कीचड़ और गड्ढों वाली जाम में फंसी सड़क पर नहीं निकाल सकता।

आज दिये ज्ञापन में 4 प्रमुख मांगें दर्ज हैं —

  1. दूसरा अंडरपास तय समय सीमा में पूरा किया जाए।
  2. स्कूल टाइम पर विशेष ट्रैफिक प्रबंधन किया जाए।
  3. भारी वाहनों का प्रवेश रोका जाए।
  4. लसूड़िया मोरी चौराहे पर ट्रैफिक सिग्नल व्यवस्था सुधारी जाए।

रहवासियों ने साफ कहा — ‘हमें विकास तो चाहिए, लेकिन ऐसी हालत में नहीं कि हमारी जान जोखिम में पड़ी रहे।’

By Neha Jain

नेहा जैन मध्यप्रदेश की जानी-मानी पत्रकार है। समाचार एजेंसी यूएनआई, हिंदुस्तान टाइम्स में लंबे समय सेवाएं दी है। सुश्री जैन इंदौर से प्रकाशित एक दैनिक अखबार की संपादक रही है। इनकी कोविड-19 महामारी के दौरान की गई रिपोर्ट को देश और दुनिया ने सराहा। अपनी बेबाकी और तीखे सवालों के लिए वे विख्यात है।