कोलकाता, 6 मार्च। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री Mamata Banerjee द्वारा शुक्रवार को दिए गए धरने पर Bharatiya Janata Party (भाजपा) ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। भाजपा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री का यह कदम मतदाता सूची की Special Intensive Revision (SIR) प्रक्रिया को बाधित करने का प्रयास है।
भाजपा नेताओं ने कहा कि मुख्यमंत्री का Election Commission of India के खिलाफ धरना देना उनकी संवैधानिक जिम्मेदारी से पीछे हटने जैसा है। पार्टी के अनुसार चुनाव आयोग द्वारा मतदाता सूची की विशेष समीक्षा लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा है और इसे राजनीतिक मुद्दा बनाना उचित नहीं है।
दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस का आरोप है कि मतदाता सूची की इस विशेष समीक्षा प्रक्रिया के जरिए कई वैध मतदाताओं के नाम हटाए जा सकते हैं, जिससे चुनाव प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है।
ममता बनर्जी ने इस मुद्दे को लेकर विरोध दर्ज कराने के लिए धरना दिया। इस घटनाक्रम के बाद राज्य की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया ह
