राहुल गांधी ने मोदी सरकार की विदेश नीति पर साधा निशाना
नई दिल्ली, 6 मार्च। कांग्रेस नेता Rahul Gandhi ने शुक्रवार को प्रधानमंत्री Narendra Modi की विदेश नीति पर तीखा हमला करते हुए कहा कि भारत की वर्तमान विदेश नीति “एक समझौता-ग्रस्त व्यक्ति के शोषण का परिणाम” बन गई है।
राहुल गांधी की यह टिप्पणी उस समय आई है जब अमेरिका ने भारतीय रिफाइनरियों को रूस से तेल खरीदने के लिए अस्थायी छूट देने की घोषणा की है। अमेरिकी प्रशासन ने वैश्विक बाजार में तेल की आपूर्ति बनाए रखने के उद्देश्य से भारत को सीमित अवधि के लिए यह अनुमति दी है।
कांग्रेस नेता ने कहा कि भारत की विदेश नीति किसी बाहरी दबाव या व्यक्तिगत कारणों से प्रभावित नहीं होनी चाहिए, बल्कि इसे राष्ट्रीय हित और देश की सामूहिक रणनीति के आधार पर तय किया जाना चाहिए।
इस मुद्दे पर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर भारत को रूसी तेल खरीदने के लिए अमेरिका से छूट लेनी पड़ रही है तो यह देश की रणनीतिक स्वायत्तता पर सवाल खड़ा करता है।
पार्टी नेताओं का कहना है कि भारत को अपनी ऊर्जा और विदेश नीति के फैसले स्वतंत्र रूप से लेने चाहिए। वहीं सरकार की ओर से अभी तक इस टिप्पणी पर कोई औपचारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
गौरतलब है कि रूस-यूक्रेन युद्ध के बाद कई पश्चिमी देशों ने रूसी तेल पर प्रतिबंध लगाए थे। इसके बावजूद भारत रियायती दरों पर रूस से कच्चा तेल खरीदता रहा है, जिससे देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में मदद मिली है।
हाल में पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और वैश्विक तेल आपूर्ति पर संभावित असर को देखते हुए अमेरिका ने भारतीय कंपनियों को रूसी तेल खरीदने के लिए अस्थायी छूट देने का फैसला किया है।
