‘एम्पावरिंग यूथ, ट्रांसफॉर्मिंग फ्यूचर्स’: आईआईएम इंदौर में तीन दिवसीय वैश्विक कांफ्रेंस की शुरुआत
इंदौर, 16 फरवरी 2026: भारतीय प्रबंध संस्थान इंदौर (IIM Indore) में 16 फरवरी 2026 को “यूथ फॉर इम्पैक्ट: सोशल इनोवेशन एंड इन्क्लूसिव लीडरशिप – एम्पावरिंग यूथ, ट्रांसफॉर्मिंग फ्यूचर्स” विषय पर तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय कांफ्रेंस का आगाज हुआ। यह आयोजन युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार के युवा कार्य विभाग के समन्वय से किया जा रहा है।
कांफ्रेंस में देश-विदेश के शिक्षाविद्, नीति-निर्माता, विकास क्षेत्र के विशेषज्ञ और युवा नेतृत्वकर्ता सहभागी होकर समावेशी एवं सतत समाज के निर्माण में युवाओं की परिवर्तनकारी भूमिका पर मंथन कर रहे हैं।
कांफ्रेंस का उद्घाटन आईआईएम इंदौर के निदेशक एवं कांफ्रेंस पैट्रन प्रो. हिमांशु राय ने किया। अपने उद्घाटन संबोधन में उन्होंने युवाओं के विचारों को सामाजिक प्रभाव में बदलने हेतु सक्षम पारिस्थितिकी तंत्र की आवश्यकता पर जोर दिया।
कांफ्रेंस संयोजक प्रो. श्रुति तिवारी ने स्वागत भाषण में नीति, शिक्षा और समुदाय के बीच समन्वय को वास्तविक सामाजिक प्रभाव की कुंजी बताया। उन्होंने सोशल इंटर्नशिप और क्षेत्राधारित अधिगम को युवाओं के लिए नेतृत्व विकास और व्यावहारिक सीख का सशक्त माध्यम बताया।
पहले दिन अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त विशेषज्ञों ने चार मुख्य व्याख्यान प्रस्तुत किए—
ब्राज़ील के Instituto D’Or de Pesquisa e Ensino के प्रो. रोनाल्ड फिशर ने तकनीक, मानवीय मूल्यों और स्वास्थ्य के अंतर्संबंधों पर प्रकाश डाला।
The University of Queensland की प्रो. जोलांडा जेटन ने सामाजिक पहचान और समूह सदस्यता को मानसिक स्वास्थ्य व कल्याण के लिए महत्वपूर्ण बताया।
University of Glasgow की डॉ. बेलगिन ओके-सोमरविल ने सतत युवा रोजगार और दीर्घकालिक कार्यबल एकीकरण पर विचार रखे।
The University of Melbourne के प्रो. एलेक्स न्यूमैन ने नेतृत्व में करुणा और नैतिक उत्तरदायित्व की केंद्रीय भूमिका पर जोर दिया।
पैनल चर्चा
“इन्वेस्टिंग इन यूथ थ्रू सोशल इंटर्नशिप प्रोग्राम्स” विषय पर आयोजित पैनल चर्चा में Impact Investors Council के विशाल रेड्डी, IPE Global की मेहक सूद और ONGC Foundation के मलिक फैज़ान ग़िज़ाली ने भाग लिया। चर्चा का संचालन आईआईएम इंदौर के सोशल प्लेसमेंट कोऑर्डिनेटर्स अथर्व वर्मा और जगन्नाथ अथमारामन ने किया।
तकनीकी सत्र और आगे की रूपरेखा
कांफ्रेंस के तकनीकी सत्रों में समावेशी नेतृत्व, सामाजिक नवाचार, युवा कल्याण, समानता और नैतिकता जैसे विषयों पर शोधपत्र प्रस्तुत किए गए। प्रथम दिवस का समापन सक्रिय संवाद और ज्ञान-विनिमय के साथ हुआ। कांफ्रेंस के आगामी दिनों में युवा उद्यमिता और उत्तरदायी नेतृत्व पर केंद्रित मुख्य व्याख्यान, पैनल चर्चाएं और शैक्षणिक प्रस्तुतियां आयोजित की जाएंगी।
