संजीव अस्थाना ने विद्यार्थियों को दिया सफलता का मंत्र; AI, नेतृत्व और निरंतर सीखने पर जोर

इंदौर, 23 अक्टूबर 2026 : देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर के इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज़ (IIPS) में आयोजित टेक्नो-मैनेजमेंट फेस्ट ‘बिज़नोवेट 2026’ का शुभारंभ पतंजलि फूड्स लिमिटेड के CEO संजीव अस्थाना के मुख्य आतिथ्य में हुआ। उद्घाटन समारोह में विद्यार्थियों को नवाचार, उद्यमिता, नेतृत्व क्षमता और बदलते व्यावसायिक परिवेश के अनुरूप स्वयं को विकसित करने का संदेश दिया गया।

अपने संबोधन में संजीव अस्थाना ने कहा कि किसी भी संगठन की वास्तविक संपत्ति उसकी बैलेंस शीट नहीं, बल्कि उससे जुड़े लोग होते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को निरंतर सीखने, स्वतंत्र चिंतन करने और नई परिस्थितियों के अनुरूप स्वयं को ढालने की सलाह दी। उन्होंने रुचि सोया के अधिग्रहण के बाद पतंजलि फूड्स में हुए बदलावों का उदाहरण देते हुए बताया कि व्यवसाय में नए अवसरों को पहचानना और नए उद्यम खड़े करना भी सफलता का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

पहली सैलरी को सीखने का अवसर मानें युवा

अस्थाना ने विद्यार्थियों से कहा कि वे अपनी पहली तनख्वाह को केवल कमाई के रूप में न देखें, बल्कि इसे सीखने और व्यावहारिक अनुभव हासिल करने के अवसर के रूप में लें। उन्होंने निर्धारित जिम्मेदारियों से आगे बढ़कर काम करने, चुनौतियों का समाधान खोजने और लोगों के साथ बेहतर संबंध विकसित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि कार्यस्थल पर शिकायत करने के बजाय समाधान तलाशने की प्रवृत्ति विकसित करना जरूरी है।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के बढ़ते प्रभाव का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि आज जानकारी तक पहुंच आसान हो गई है, लेकिन सफलता के लिए निरंतर सीखना, पुरानी धारणाओं को छोड़ना और व्यावहारिक अनुभव प्राप्त करना महत्वपूर्ण है। उन्होंने नेतृत्व में सुनने की कला और मानवीय संबंधों की भूमिका को भी रेखांकित किया। विद्यार्थियों ने नेतृत्व, युवा प्रबंधकों की चुनौतियों और कार्यस्थल पर महिलाओं की बदलती भूमिका से जुड़े प्रश्न भी पूछे।

अनुभव और मार्गदर्शन का मंच है बिज़नोवेट

IIPS की निदेशक प्रो. यामिनी करमरकर ने बिज़नोवेट को पूर्व विद्यार्थियों, शिक्षकों और वर्तमान विद्यार्थियों के बीच संवाद एवं अनुभव साझा करने का महत्वपूर्ण मंच बताया। उन्होंने कहा कि पूर्व विद्यार्थियों के अनुभव वर्तमान विद्यार्थियों को व्यावसायिक दुनिया की चुनौतियों को समझने और अपने कौशल विकसित करने में मदद करते हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कक्षाएं ज्ञान प्रदान करती हैं, जबकि अनुभव कौशल विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

IIPS के पूर्व निदेशक एवं प्रोफेसर डॉ. बी.के. त्रिपाठी ने संस्थान की शैक्षणिक यात्रा और शिक्षा के क्षेत्र में उसके योगदान को याद किया। उन्होंने वर्ष 1992 में शुरू किए गए एकीकृत कार्यक्रम का उल्लेख किया, जिसमें छह माह का अनिवार्य औद्योगिक प्रशिक्षण शामिल था।

पूर्व विद्यार्थियों ने साझा किए सफलता के अनुभव

IIPS के वर्ष 2011 बैच के पूर्व विद्यार्थी और प्रथम पीढ़ी के उद्यमी आदित्य शुक्ला ने अपनी उद्यमशीलता की यात्रा साझा की। उन्होंने विद्यार्थियों को सफलता का 4C मंत्र दिया—Concentrate, Command, Conquer और Celebrate, अर्थात एकाग्रता, दक्षता, विजय और उपलब्धियों का उत्सव। उन्होंने अपनी यात्रा में डॉ. बी.के. त्रिपाठी के मार्गदर्शन के योगदान को भी याद किया।

वहीं, USSEC के कंट्री लीड फ्रैंकलिन मैनुअल ने अपने व्यावसायिक अनुभव साझा करते हुए विद्यार्थियों को भविष्य के प्रति आत्मविश्वास बनाए रखने और उपलब्ध अवसरों का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।

IIPS-संवाद के पांचवें अंक का विमोचन, COMET 2027 का अनावरण

समारोह में IIPS की पत्रिका ‘IIPS-संवाद’ के पांचवें अंक का विमोचन किया गया। इस अंक की विषयवस्तु ‘Artificial Intelligence: Redefining Tomorrow’ रखी गई है। इसके साथ ही मानवीय मूल्यों पर केंद्रित आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और व्यवसाय के भविष्य की थीम पर आधारित ‘IIPS COMET 2027’ का भी अनावरण किया गया।

प्रेरणादायी संबोधनों, अनुभवों और नए विचारों के साथ बिज़नोवेट 2026 के उद्घाटन समारोह ने विद्यार्थियों के लिए नवाचार, प्रबंधन और उद्यमिता से जुड़ी विभिन्न गतिविधियों एवं प्रतियोगिताओं की शुरुआत का मंच तैयार किया।

By Neha Jain

नेहा जैन मध्यप्रदेश की जानी-मानी पत्रकार है। समाचार एजेंसी यूएनआई, हिंदुस्तान टाइम्स में लंबे समय सेवाएं दी है। सुश्री जैन इंदौर से प्रकाशित एक दैनिक अखबार की संपादक रही है। इनकी कोविड-19 महामारी के दौरान की गई रिपोर्ट को देश और दुनिया ने सराहा। अपनी बेबाकी और तीखे सवालों के लिए वे विख्यात है। 

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