इंदौर, 16 दिसम्बर 2025: दिसंबर की ठंड के बीच मंगलवार को इंदौर कलेक्टरेट परिसर में आयोजित जनसुनवाई के दौरान संवेदनशीलता और प्रशासनिक तत्परता देखने को मिली। कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि आज की जनसुनवाई में कुल 315 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से अधिकांश का मौके पर ही निराकरण सुनिश्चित किया गया। जिन मामलों का तत्काल समाधान संभव नहीं हो सका, उनके लिए समय-सीमा निर्धारित की गई है तथा उनके निराकरण की साप्ताहिक समीक्षा की व्यवस्था भी की गई है। उन्होंने बताया कि आवेदन मुख्यतः पारिवारिक विवाद, भूमि विवाद, आर्थिक सहायता, स्वास्थ्य सहायता सहित विभिन्न विषयों से संबंधित थे। लगभग पौने 2 बजे कलेक्टर के जनसुनवाई से जाने के बाद सभी अधिकारी उठ कर चले गए। कई आवेदक अनुसने रह गए जिसके बाद कलेक्टर के पीए ने शेष आवेदनों को लेकर उचित निराकरण करने का आश्वासन दिया लेकिन आवेदक कलेक्टर के नहीं मिलने से असंतुष्ट दिखे।
अंधेरे में खेलते उजाले के खिलाड़ी: जनसुनवाई में ब्लाइंड खिलाड़ियों को मिली 70 हजार की राहत
जनसुनवाई में ब्लाइंड स्पोर्ट्स एसोसिएशन के खिलाड़ी अपनी समस्याएं लेकर कलेक्टर शिवम वर्मा के समक्ष पहुंचे। दृष्टिबाधित खिलाड़ियों की युवा कोच मुस्कान चावडा ने बताया कि ये खिलाड़ी राष्ट्रीय व राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में इंदौर और मध्यप्रदेश का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं, लेकिन आगे खेल गतिविधियां जारी रखने के लिए उनके पास न तो दृष्टिबाधित खिलाड़ियों के लिए आवश्यक विशेष बॉल है और न ही स्पोर्ट्स किट व ट्रैक सूट। खिलाड़ियों ने अपनी उपलब्धियों की ट्रॉफियां कलेक्टर को दिखाईं। खिलाड़ियों की बात सुनकर कलेक्टर शिवम वर्मा ने तुरंत 70 हजार रुपये की राशि स्वीकृत करते हुए संबंधित विभाग को आवश्यक खेल सामग्री शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
खजराना में ज़मीनों में फर्जीवाड़ा, पार्षद पहुंची शिकायत लेकर
इसी क्रम में खजराना की वार्ड क्रमांक 42 की पार्षद रुबीना इकबाल एक पीड़ित महिला को लेकर जनसुनवाई में पहुंचीं। पीड़िता ने बताया कि उसके मकान के बदले भूमाफिया हमीद खान द्वारा ज़ोन क्रमांक 10, वार्ड क्रमांक 39 के अंतर्गत दाऊदी-2 कॉलोनी में RE 2 रोड पर प्लॉट देकर फर्जी तरीके से एक्सचेंज कर फ्रॉड किया गया है। पीड़िता ने बताया कि दो महीने पहले भी वह कलेक्टर के पास शिकायत लेकर आई थी और तब संबंधित थाना प्रभारी को कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे, लेकिन अब तक आरोपी पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। पार्षद रूबीना इकबाल ने कलेक्टर से भूमाफिया हमीद खान द्वारा re 2 रोड पर फर्जी तरीके से बेंचे गए प्लॉटो के मालिकों को पूर्ण धन राशि वापस दिलाने और हमीद खान पर अपराधिक मुकदमा दर्ज करवाने की मांग की है।
शिक्षिका के साथ स्कूल में फ़्राड
वहीं एक शासकीय स्कूल की शिक्षिका हिम्मत कुंवर यादव ने स्कूल के एक कर्मचारी पर फ्रॉड का आरोप लगाया। उन्होंने बताया कि मामला 2017 का है, तब वे छावनी स्थित शासकीय बालक संयोगिता गंज उ मा विध्यालय में कार्यरत थीं। उन्होने आरोप लगाया कि दुर्भावनापूर्वक आरोपी अकाउंटेंट केसरी भोर ने गलत वाउचर के माध्यम से उनके खाते में 10 लाख से अधिक की अवैध राशि पंच कर दी गई,यह राशि विधालय में कार्यरत 22 कर्मचारियों का महंगाई भत्ता (DA) है, अब समस्या यह है कि यह राशि उनके खाते में नहीं पहुंची लेकिन एंट्री दिखा रही है, इस राशि को निरस्त कराने वे कई बार संबंधितों से पत्राचार कर चुकी हैं लेकिन उनकी समस्या का समाधान नहीं हो रहा है और इस राशि का हवाला देकर उन्हें कई सालों से एरियर से वंचित रखा जा रहा है। उन्होने मामला में जांच कमेटी गठित करने की मांग की है।
दिव्यांग युवक को मिला पैतृक संपत्ति का अधिकार और आवास की स्वीकृति
जनसुनवाई में दिव्यांग युवक संदीप सुमराह ने अपनी समस्या के त्वरित समाधान पर कलेक्टर वर्मा का आभार जताया। संदीप ने बताया कि पिछली जनसुनवाई में दिए गए आवेदन के एक सप्ताह के भीतर ही उसे उसकी पैतृक संपत्ति का अधिकार दिला दिया गया। इसके साथ ही संदीप ने अपनी आवास संबंधी समस्या बताई, जिस पर कलेक्टर वर्मा ने तत्काल प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास स्वीकृति के निर्देश दिए। सहायता मिलने पर संदीप ने जिला प्रशासन के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की।
ग्राम गाजिन्दा की समस्याओं का समाधान, सरपंच व ग्रामीणों ने जताया आभार
जनसुनवाई में ग्राम गाजिन्दा के सरपंच एवं ग्रामीणों ने पहुंचकर कलेक्टर श्री वर्मा का स्वागत किया और आभार व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि विगत माह कलेक्टर द्वारा गांव में आयोजित जिले की पहली रात्रि चौपाल में ग्रामीणों की समस्याएं सुनी गई थीं, जिनका एक माह के भीतर ही समाधान कर दिया गया।
सरपंच श्रीमती ज्योति मीणा ने बताया कि चौपाल में की गई मांगों के अनुरूप गांव में श्मशान घाट का निर्माण, सड़क निर्माण, स्कूल की बाउंड्रीवाल का निर्माण पूर्ण हुआ है। साथ ही अवैध शराब की बिक्री पर पूरी तरह रोक लगी है और प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत 395 हितग्राहियों के नाम जोड़े गए हैं।
