MPPSC 2023 रिजल्ट विवाद: हजारों अभ्यर्थी इंतजार में, कोर्ट और आयोग की खींचतान जारी

इंदौर, 6 अक्टूबर 2025। मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) की राज्य सेवा परीक्षा 2023 का फाइनल रिजल्ट अब तक जारी नहीं हो पाया है। दिसंबर 2023 में प्रारंभिक परीक्षा, मार्च 2024 में मुख्य परीक्षा और जुलाई-अगस्त 2025 में साक्षात्कार के बाद भी चयन सूची घोषित नहीं की गई है।

करीब 800 से अधिक अभ्यर्थियों ने साक्षात्कार दिया है और 229 पदों पर नियुक्ति होनी है। इसके बावजूद परिणाम न्यायालयी विवाद में अटका हुआ है।

परीक्षा के प्रारंभिक प्रश्नपत्र के दो प्रश्नों—को लेकर आपत्ति दर्ज की गई थी। इस पर जबलपुर हाईकोर्ट की सिंगल बेंच ने 16 मई 2024 को विवादित प्रश्न हटाने और सभी अभ्यर्थियों को समान अंक देने का आदेश दिया था। लेकिन आयोग ने आदेश को चुनौती देते हुए डबल बेंच में अपील दायर की।

25 अगस्त 2025 को हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई पूरी कर आदेश सुरक्षित रख लिया। लेकिन अब तक निर्णय नहीं आया है। इस बीच न्यायमूर्ति अतुल श्रीधरन के ट्रांसफर की खबर ने अभ्यर्थियों की चिंता और बढ़ा दी है।

अभ्यर्थियों का विरोध

6 अक्टूबर 2025 को अभ्यर्थी इंदौर स्थित आयोग मुख्यालय पहुंचे और ज्ञापन सौंपकर जल्द रिजल्ट जारी करने की मांग की। उनका कहना है कि लगातार देरी से उनकी उम्र बढ़ रही है और भविष्य अनिश्चितता में है।

पुराने विवाद भी लंबित

MPPSC पर पहले भी कई बार भर्ती प्रक्रिया में देरी और न्यायालयीन विवादों का आरोप लगा है। 2019 से OBC आरक्षण का मामला लंबित है। कई बार आयोग पर जुर्माना भी लगाया गया, लेकिन समय पर परिणाम घोषित नहीं हुए।

By Neha Jain

नेहा जैन मध्यप्रदेश की जानी-मानी पत्रकार है। समाचार एजेंसी यूएनआई, हिंदुस्तान टाइम्स में लंबे समय सेवाएं दी है। सुश्री जैन इंदौर से प्रकाशित एक दैनिक अखबार की संपादक रही है। इनकी कोविड-19 महामारी के दौरान की गई रिपोर्ट को देश और दुनिया ने सराहा। अपनी बेबाकी और तीखे सवालों के लिए वे विख्यात है।