पदभार ग्रहण के पहले दिन ही सामने आया मानवीय चेहरा, कलेक्टर ने बुजुर्ग महिला की फरियाद सुनी और तुरंत मदद के दिए निर्देश


बेटी के इलाज और राशन कार्ड बंद होने पर मिला समाधान का आश्वासन

इंदौर, 09 सितंबर 2025: इंदौर निगम आयुक्त शिवम वर्मा पदोन्नत होकर इंदौर कलेक्टर बन गए हैं। आज उन्होने पदभार ग्रहण किया। मीडिया को दिये गए 11 बजे के तय समय से एक घंटा 20 मिनट की देरी से वे दोपहर 12 बजकर 20 मिनट पर कलेक्टर कार्यालय पहुंचे । इसके पहले वे खजराना गणेश मंदिर दर्शन करने गए थे। उनके साथ पूर्व कलेक्टर आशीष सिंह, अपर कलेक्टर गौरव बैनल थे।

शिवम वर्मा का स्वागत द्वार पर ही एक मानवीय चेहरा सामने आया। कलेक्टर कार्यालय के मुख्य द्वार पर नवागत कलेक्टर वर्मा जैसे ही सरकारी वाहन से उतरे एक बुजुर्ग महिला उनके पैरों में गिर पड़ी। कलेक्टर वर्मा उन्हें ससम्मान उठाकर हाथ पकड़ कर प्रथम तल पर ले गए। उन्हें इत्मीनान से सुना और हर संभव मदद का आश्वास्न दिया। बुजुर्ग महिला राशन कार्ड बंद होने और अपनी बेटी के इलाज के लिए मदद की गुहार कर रही थी।

कलेक्टर ने तुरंत स्वास्थ्य सेवाओं का दायित्व निभा रहे देवेंद्र रघुवंशी को बुजुर्ग महिला का जिम्मा सौंपा। रघुवंशी ने वृद्धा की बेटी को एमटीएच अस्पताल में संपर्क करवाया। बुजुर्ग महिला ने कहा कि कलेक्टर ने जिस सहानुभूति से उन्हें सुना, ऐसी उन्हें उम्मीद नहीं थी। उन्होने कलेक्टर का धन्यवाद दिया।

अब यहाँ हैरान करने वाली बात यह है कि यह बुजुर्ग महिला और युवती बीते 8 माह से अधिक समय से निगम के चक्कर काट रही हैं लेकिन उन्हें निचले स्तर पर ही चलता कर दिया जाता था और वे तत्कालीन निगम आयुक्त शिवम वर्मा से मिल ही नहीं सकी। वहीं 36 साल की उनकी बेटी का बड़ा ऑपरेशन होना है । वृद्धा की बेटी ने बताया कि वह एमटीएच अस्पताल पूर्व में दिखा चुकी हैं, लेकिन उनकी समस्या का समाँधान नहीं हुआ, वे प्राइवेट अस्पताल में इलाज कराना चाहती हैं। अब देखना यह होगा कि कुर्सी परिवर्तन से जन समस्याओं का कितना त्वरित गति से समाधान होता है।

आशीष सिंह ने अपना चार्ज शिवम वर्मा को सौंपा। वर्मा चार्ज लेने के बाद जनसुनवाई में पहुंचे। इस दौरान नए कलेक्टर का स्वागत करने वालों का तांता लगा रहा लेकिन श्री वर्मा स्वागत छोडकर जन-सुनवाई में पहुंचे और जनता की समस्याओं को सुना। अब देखना होगा कि समस्याओं के निराकरण में कितनी तेजी और गंभीरता देखने मिलती है! ये भविष्य के गर्भ में है।

By Neha Jain

नेहा जैन मध्यप्रदेश की जानी-मानी पत्रकार है। समाचार एजेंसी यूएनआई, हिंदुस्तान टाइम्स में लंबे समय सेवाएं दी है। सुश्री जैन इंदौर से प्रकाशित एक दैनिक अखबार की संपादक रही है। इनकी कोविड-19 महामारी के दौरान की गई रिपोर्ट को देश और दुनिया ने सराहा। अपनी बेबाकी और तीखे सवालों के लिए वे विख्यात है।